Bhavanipur Shakti Peeth – भवानीपुर शक्ति पीठ स्थान: शेरपुर, बोगुरा, बांग्लादेश पूजी जाने वाली शक्ति: अपर्णा पूजे जाने वाले भैरव: वामन शरीर का अंग: बायां पायल या वस्त्र निकटतम हवाई अड्डा: शाह मखदूम भवानीपुर शक्ति पीठ अपनी शांति और दिव्य ऊर्जा के लिए प्रसिद्ध है। ऐसा कहा जाता है कि सती के वस्त्र या आभूषण का एक अंश यहीं गिरा था, जिससे यह क्षेत्र के महत्वपूर्ण शक्ति पीठों में से एक बन गया है।
Jeshoreshwari Shakti Peeth – जेशोरेश्वरी शक्ति पीठ स्थान: जेस्सोर, बांग्लादेश पूजी जाने वाली शक्ति: जेशोरेश्वरी पूजे जाने वाले भैरव: चंदा शरीर का अंग: हथेलियाँ निकटतम हवाई अड्डा: जेस्सोर हवाई अड्डा जेशोरेश्वरी शक्ति पीठ वह स्थान माना जाता है जहाँ सती की हथेलियाँ गिरी थीं। यह मंदिर बांग्लादेश में एक पूजनीय स्थल है और विशेष रूप से प्रमुख हिंदू त्योहारों के दौरान दूर-दूर से भक्तों को आकर्षित करता है।
Bhabanipur Shakti Peeth – भाबनीपुर शक्ति पीठ स्थान: बोगुरा, बांग्लादेश पूजी जाने वाली शक्ति: अपर्णा पूजे जाने वाले भैरव: वामन शरीर का अंग: बायां पायल या वस्त्र निकटतम हवाई अड्डा: शाह मखदूम हवाई अड्डा भाबनीपुर शक्ति पीठ अपने शांत वातावरण और आध्यात्मिक गहराई के लिए प्रसिद्ध है। यह वह स्थान है जहां सती की पायल या वस्त्र गिरा था और बांग्लादेश में एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल है जहां धार्मिक आस्था बहुत अधिक है।
Sugandha Shakti Peeth – सुगंधा शक्ति पीठ स्थान: शिकारपुर, बारीसाल, बांग्लादेश पूजी जाने वाली शक्ति: सुनंदा पूजे जाने वाले भैरव: त्रिमबक शरीर का अंग: नाक निकटतम हवाई अड्डा: बारीसाल हवाई अड्डा सुगंधा शक्ति पीठ को वह स्थान माना जाता है जहाँ सती की नाक गिरी थी। शांत वातावरण से घिरा यह स्थान बांग्लादेश आने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक पवित्र स्थल है, जो आध्यात्मिक साधकों और तीर्थयात्रियों को समान रूप से आकर्षित करता है।
Guhyeshwari Shakti Peeth – गुह्येश्वरी शक्ति पीठ स्थान: काठमांडू, नेपाल पूजी जाने वाली शक्ति: गुह्यकाली पूजे जाने वाले भैरव: कपाली शरीर का अंग: कूल्हे निकटतम हवाई अड्डा: त्रिभुवन अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा पवित्र पशुपतिनाथ मंदिर के पास स्थित गुह्येश्वरी शक्ति पीठ वह स्थान है जहाँ माना जाता है कि सती के कूल्हे गिरे थे। यह सबसे पूजनीय शक्ति पीठों में से एक है, जो अपनी शक्तिशाली आध्यात्मिक आभा और तांत्रिक महत्व के लिए प्रसिद्ध है।
Gandaki Chandi Shakti Peeth – गंडकी चंडी शक्ति पीठ स्थान: मुक्तिनाथ, नेपाल पूजा जाने वाली शक्ति: गंडकी चंडी पूजा जाने वाला भैरव: चक्रपाणि शरीर का अंग: घुटने निकटतम हवाई अड्डा: पोखरा हवाई अड्डा मुक्तिनाथ के पवित्र वातावरण में स्थित, गंडकी चंडी शक्ति पीठ को वह स्थान माना जाता है जहाँ सती के घुटने गिरे थे। हिंदू और बौद्ध दोनों धर्मों में पूजनीय, यह स्थान अपार दिव्य ऊर्जा और आध्यात्मिक शांति का स्रोत है।
Nagapooshani Amman Shakti Peeth – नागपूशनी अम्मन शक्ति पीठ स्थान: नैनातिवु द्वीप, श्रीलंका पूजी जाने वाली शक्ति: नागपूशनी पूजे जाने वाले भैरव: रक्षेश्वर शरीर का अंग: पायल निकटतम हवाई अड्डा: जाफना अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा श्रीलंका के एक शांत द्वीप पर स्थित, यह शक्ति पीठ वह स्थान है जहाँ माना जाता है कि सती की पायल गिरी थी। नागपूशनी अम्मन मंदिर एक भव्य स्थल है, जो सांस्कृतिक विरासत और गहन आध्यात्मिक महत्व का संगम है।
Narmada Shakti Peeth – नर्मदा शक्ति पीठ स्थान: अमरकंटक, मध्य प्रदेश पूजी जाने वाली शक्ति: नर्मदा देवी पूजे जाने वाले भैरव: वद्रसेन शरीर का अंग: दाहिना कूल्हा निकटतम हवाई अड्डा: जबलपुर हवाई अड्डा पवित्र नर्मदा नदी के उद्गम स्थल के निकट स्थित यह शक्ति पीठ उस स्थान को चिह्नित करता है जहाँ माना जाता है कि सती का दाहिना कूल्हा गिरा था। प्रकृति और दिव्यता से घिरा नर्मदा शक्ति पीठ साधकों और भक्तों के लिए आध्यात्मिक रूप से समृद्ध करने वाला एक स्थल है।
Kalmadhav Shakti Peeth – कलमधव शक्ति पीठ स्थान: अमरकंटक, मध्य प्रदेश पूजी जाने वाली शक्ति: काली पूजा जाने वाला भैरव: असितांग शरीर का अंग: दाहिना नितंब निकटतम हवाई अड्डा: जबलपुर हवाई अड्डा कलमधव शक्ति पीठ अमरकंटक के आध्यात्मिक नगर में स्थित है, जो नर्मदा नदी का उद्गम स्थल है। यह पीठ उस स्थान को चिह्नित करता है जहां सती का दाहिना नितंब गिरा था। भक्त इस शांत स्थान पर दिव्य ऊर्जा, प्राकृतिक सुंदरता और मां काली के आशीर्वाद के लिए आते हैं।
Bhairav Parvat Shakti Peeth – भैरव पर्वत शक्ति पीठ स्थान: उज्जैन, मध्य प्रदेश पूजा जाने वाली शक्ति: अवंती पूजा जाने वाले भैरव: भैरव शरीर का अंग: मुख होंठ निकटतम हवाई अड्डा: देवी अहिल्याबाई होलकर हवाई अड्डा, इंदौर पवित्र नगर उज्जैन में स्थित भैरव पर्वत शक्ति पीठ, सती के मुख होंठ से संबंधित है। यह एक आध्यात्मिक रूप से जीवंत स्थान है जहाँ शक्ति और भैरव दोनों की अत्यंत श्रद्धा से पूजा की जाती है। यह मंदिर एक पहाड़ी पर स्थित है, जो तीर्थयात्रियों को एक शांत और शक्तिशाली अनुभव प्रदान करता है।


